सभी फूड़ी दोस्तों को,
प्यार भरा नमस्ते।
बहुत दिनों से रेसिपी पोस्ट कर नहीं सकी इसलिए क्षमा चाहती हूँ।
आज हम जरा हटके बनाएंगे लेकिन कोरोना और बारीश (इंडिया में) का मौसम को ध्यान में रखते हुए मीठ़ा बनाएंगे लेकिन तिखावाला मीठ़ा बनाएंगे।
आज की रेसिपी भारत के महाराष्ट्रा स्टेट में बनाई जाती हैं। आज हम तिखीमिठ़ी रोटी बनाएंगे। महाराष्ट्रा में तिखीमिठ़ी रोटी विशेष समारोह में बनाई जाती हैं। लेकिन अब यह रोटी बहुत सारी महिलाओं को पता नहीं। हमारे पूर्वजों का यह खज़ाना सँभालना और अगली पीढ़ीयों को सौंपना यह हमारा कर्तव्य है।
तिखीमिठ़ी रोटी जब कोई औरत बच्चे को जनम देती हैं और बच्चा बारह दिन का होता है तब बच्चे की माँ को खानें के लिए तिखीमिठ़ी रोटी देते हैं। बारिश के और सर्दी के दिनों में भी तिखीमिठ़ी रोटी बनाते है।
तिखीमिठ़ी रोटी बनाने के लिए सामग्री चाहिए,
सामग्री :
एक कटोरी गूड, एक टेबल स्पून सौंठ़ पाउडर, एक टेबल स्पून काली मिर्च पाउडर एक कटोरी गेहूँ का आटा, एक टेबल स्पून तेल, आधी कटोरी देसी घी, नमक स्वादानुसार।
बनाने की विधि :
१) गेहूँ का आटा, नमक और तेल अच्छे से मिलाईये।
२) गेहूँ के आटे पानी डालकर रोटी के डो जैसे गूँथीए।
३) गूँथा हुआ आटा बीस-पच्चीस मिनट तक रेस्ट होने दिजिये।
४) गूड को कद्दूकस किजिए।
५) गूड में सौंठ और काली मिर्च पाउडर मिक्स किजिए।
६) गूँथे हुए आटे की छोटी छोटी लोरियां बनाईए।
७) दो रोटीयां बेलिये।
८) बेली हुई एक रोटी लिजिए उसपर गूड सौंठ कालीमिर्च का मिक्चर फैलाईये और ऊपर से दूसरी रोटी रखिये। दोनों रोटियाँ की कडा ठीक से बंद किजिये और धीरे से, हल्के हाथों से थोडासा बेलिये।
९) गर्म तवे पर थोडासा घी डालिये और रोटी डालकर सेंकीये।
१०) दोनों तरफ से रोटी को धीमी आंचपर सेकीयें। सेंंकते समय पिघला हुआ गूड रोटी के बाहर आने की कोशिश करेगा। दोनों तरफ से घी डालकर सेंकीये।
११) रोटी सेंकने के बाद ठंडी होने दिजिये क्योंकि गरम पिघला हुआ गूड मुँह में जाते ही छाले पड़ जाएंगे।
टिपः १)तिखीमिठ़ी रोटी बनाते समय तवेपर ज्यादा घी डालकर सेंकीये और खातें समय ऊपर से घी डालिये।
२) पहली बार बनाते समय एक या दो रोटी बनाईए। अच्छी लगे तो सर्दियों में, बारिश में भीगे हो तो यह रोटी खाईए और तंदुरुस्त रहिए।
कोरोना का संकट जल्द से जल्द खत्म हो और आप सभी भाई बहन खुशहाल रहें, यहीं दुआ करती हूँ।
©ज्योत्स्ना पाटील.